उदयपुर नगर निगम चुनाव में टिकट वितरण के बाद BJP और कांग्रेस के सामने बागियों को मनाने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। वार्ड 54 के कांग्रेस दावेदार देवेंद्र माली और वार्ड 60 से खुशबू मेहता के निर्दलीय मैदान में उतरने से दोनों दलों के समीकरण बिगड़ते नजर आ रहे हैं। वार्ड 54 में कांग्रेस ने अमित श्रीवास्तव को टिकट दिया, जिसके बाद लंबे समय से दावेदारी कर रहे देवेंद्र माली ने निर्दलीय नामांकन दाखिल कर दिया। माली का कहना है कि उन्होंने पार्टी के लिए लंबे समय तक मेहनत की, लेकिन टिकट नहीं मिला और अब वे नाम वापस लेने के मूड में नहीं हैं। इधर वार्ड 60 में पूर्व पार्षद कमल मेहता की पत्नी खुशबू मेहता ने भाजपा से टिकट नहीं मिलने के बाद निर्दलीय पर्चा भर दिया। भाजपा ने यहां सुषमा राणावत को प्रत्याशी बनाया है। अब BJP और कांग्रेस के बड़े नेता और जिलाध्यक्ष खुद बागियों को मनाने उनके घर और चुनाव कार्यालय पहुंच रहे हैं। पार्टी नेताओं की ओर से नामांकन वापस लेने की समझाइश के साथ भविष्य में मौका देने का भरोसा भी दिया जा रहा है। 3 सितंबर दोपहर 3 बजे नाम वापसी की अंतिम तारीख है। अब देखना होगा कि देवेंद्र माली और खुशबू मेहता पार्टी की समझाइश मानते हैं या निर्दलीय मैदान में डटे रहते हैं।
Udaipur News: BJP-Congress में बागियों की चुनौती, Devendra Mali और Khushbu Mehta पर नजर
