
चित्तौड़गढ़ शहर के प्रतापनगर क्षेत्र में दिनदहाड़े ठगी की वारदात सामने आई है, जहां मंदिर जा रहे एक बुजुर्ग को प्रसाद और दान के नाम पर झांसा देकर बदमाश उनकी सोने की अंगूठी लेकर फरार हो गए। घटना प्रतापनगर की सिंधी कॉलोनी की है, जिससे इलाके में लोगों में दहशत और आक्रोश का माहौल है।
जानकारी के अनुसार 85 वर्षीय आत्माराम मलकानी अपने घर से झूलेलाल मंदिर दर्शन के लिए निकले थे। दोपहर करीब 12 बजे रास्ते में दो बाइक सवार युवक उनके पास आए और बातचीत शुरू कर दी। बदमाशों ने खुद को श्रद्धालु बताते हुए पहले बुजुर्ग को 1000 रुपए दिए और कहा कि मंदिर में प्रसाद चढ़ाकर लोगों में बांट दें। साथ ही बिस्किट के पैकेट भी दिए। जब बुजुर्ग ने मना किया तो दूसरे युवक ने 500 रुपए और देते हुए इसे दान बताकर भगवान को चढ़ाने की बात कही।
बातों-बातों में बदमाशों ने बुजुर्ग को पूरी तरह भरोसे में ले लिया। उन्होंने प्रसाद पर निशान लगाने का बहाना बनाते हुए आत्माराम से अंगूठी को थोड़ा ढीला करने को कहा। जैसे ही बुजुर्ग ने अंगूठी ढीली की, एक बदमाश ने झपट्टा मारकर अंगूठी छीन ली और दोनों तुरंत बाइक पर सवार होकर मौके से फरार हो गए।
घटना के बाद जब आत्माराम को ठगी का एहसास हुआ तो उन्होंने शोर मचाया। आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक आरोपी काफी दूर निकल चुके थे। सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और पुलिस को खबर दी गई।
सदर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश में जुटी है। पीड़ित के बेटे विनोद मलकानी ने थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई है। उनका कहना है कि उनके पिता नियमित रूप से मंदिर में प्रसाद बांटते हैं, जिससे आशंका है कि बदमाशों ने पहले से उनकी रेकी कर वारदात को अंजाम दिया। बताया जा रहा है कि आरोपी घटना के बाद गुरुनानक बेकरी की ओर से होते हुए प्रतापनगर चौराहे की तरफ भागे। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
