
राजस्थान हाईकोर्ट के नेशनल हाईवे से अतिक्रमण हटाने संबंधी आदेश के बाद अब उदयपुर जिले में भी कार्रवाई की तैयारी शुरू हो गई है। हाईकोर्ट के समक्ष पेश आंकड़ों में उदयपुर जिले के 29 चिन्हित अतिक्रमण दर्ज हैं, जिन पर जल्द कार्रवाई की जाएगी।
अगर उदयपुर जिले से जुड़े नेशनल हाई-वे किनारे सभी उपखंड मुख्यालयों से रिपोर्ट तैयार कराई जाए तो अतिक्रमण की यह संख्या और बढ़ जाएगी।
जस्टिस डॉ. पुष्पेंद्र सिंह भाटी और जस्टिस संदीप शाह की खंडपीठ ने हिम्मत सिंह गहलोत बनाम राजस्थान राज्य’ जनहित याचिका में यह रिपोर्टेबल जजमेंट में जो डेटा अंकित थे, उसमें उदयपुर जिले में 29 अतिक्रमण चिहिन्त किए गए है और उदयपुर संभाग के अन्य जिलों में भी हाईवे किनारे ये अतिक्रमण है।
गौरतलब है कि हाईवे की सड़क सीमा के सेंटर पॉइंट से 75 मीटर तक किसी भी प्रकार का निर्माण अवैध है।हाईकोर्ट के निर्देश के बाद अब संबंधित विभागों की ओर से इन अतिक्रमणों को हटाने के लिए अभियान चलाकर कार्रवाई की जाएगी। इसमें नेशनल हाईवे, सार्वजनिक निर्माण विभाग की टीम प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मिलकर पूरी योजना तैयार करेंगे। संबंधित एसडीएम के साथ अभियान के रूप में कार्रवाई की योजना तैयार की जाएगी।उदयपुर में शहर से सटे पिंडवाडा हाईवे पर उदयपुर अंबेरी से ईसवास से पहले तक ही हाईवे के दोनों तरफ कई अतिक्रमण है। इसी प्रकार डबोक रूट पर भी ऐसी कई जगह स्थिति है। अब इन अतिक्रमणों को हटाने की तैयारी की जाएगी।
