अजमेर। गेगल थाना पुलिस ने टैक्सी ड्राइवर श्रीकांत तिवारी हत्याकांड का खुलासा करते हुए दो सगे भाइयों को गाजियाबाद से गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने कर्ज चुकाने के लिए टैक्सी कार लूटने की योजना बनाई थी। वारदात के दौरान टैक्सी ड्राइवर की हत्या हो गई। पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
एसपी हर्षवर्धन अग्रवाला ने बताया कि 21 सितंबर की सुबह पुलिस को सूचना मिली थी कि गगवाना पुलिया के पास एक कार लावारिस हालत में खड़ी है। कार की पिछली सीट पर एक व्यक्ति का शव पड़ा था। सूचना मिलने पर गेगल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मोबाइल फॉरेंसिक यूनिट को बुलाकर घटनास्थल और वाहन की जांच करवाई।
पुलिस को कार से मिले पहचान पत्र के आधार पर मृतक की पहचान श्रीकांत तिवारी, निवासी दिबियापुर, जिला औरैया, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई। परिजनों से संपर्क करने पर पता चला कि श्रीकांत टैक्सी ड्राइवर का काम करता था।

CCTV फुटेज से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने घटनास्थल के आसपास और वारदात से जुड़े रास्तों पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच के दौरान पुलिस को संदिग्धों के बारे में सुराग मिले। इसके बाद अलग-अलग पुलिस टीमों को उत्तर प्रदेश और दिल्ली भेजा गया।
पुलिस टीमों ने करीब तीन दिन तक गाजियाबाद, नोएडा और दिल्ली में आरोपियों के स्थानीय संपर्कों और गतिविधियों की जानकारी जुटाई। इसके बाद स्थानीय पुलिस की मदद से खोडा, गाजियाबाद में दबिश देकर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कौशल सिंह पुत्र अजय सिंह और सूरज सिंह पुत्र अजय सिंह के रूप में हुई है। दोनों सगे भाई बताए गए हैं।
कर्जा चुकाने के लिए बनाई थी कार लूट की योजना
पुलिस पूछताछ के अनुसार, आरोपियों में सूरज सिंह कर्ज में डूबा हुआ था। आरोप है कि उसने अपने बड़े भाई कौशल सिंह के साथ मिलकर कर्ज चुकाने के लिए टैक्सी लूटने की योजना बनाई।
पुलिस के मुताबिक, दोनों ने नोएडा से वडोदरा, गुजरात तक के लिए कम किराए में टैक्सी बुक की थी। उनकी योजना टैक्सी की अर्टिगा कार लूटकर उसे गुजरात के अंकलेश्वर में बेचने की थी। हालांकि, रास्ते में ड्राइवर के सतर्क रहने के कारण आरोपियों को वारदात का मौका नहीं मिला।
इसके बाद आरोपियों ने दोबारा नोएडा के लिए टैक्सी बुक की। पुलिस का आरोप है कि इस दौरान मौका मिलने पर दोनों ने ड्राइवर श्रीकांत के साथ मारपीट की, जिससे उसकी मौत हो गई।
हादसे का रूप देने की कोशिश
पुलिस के अनुसार, हत्या के बाद आरोपियों ने वारदात को सड़क हादसे का रूप देने की कोशिश की। इसके लिए कार को सड़क किनारे खड़ी एक पिकअप से टकराकर क्षतिग्रस्त किया गया और इसके बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए।
फिलहाल गेगल थाना पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि वारदात में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं और हत्या के बाद आरोपियों ने किन लोगों से संपर्क किया था।
