
उदयपुर के गोवर्धन विलास थाना क्षेत्र में निजी कंपनी में निवेश के नाम पर मुनाफे का लालच देकर 4 लोगों से करीब 12 लाख रुपए धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। दिनेश पटेल निवसी सेक्टर-15 ने आरोपी स्काई ओरा टेक्नो सोल्यूशन कंपनी (जौनपुर यूपी) के मैनेजिंग डायरेक्टर नवनीत पाल उर्फ ध्रुव के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
रिपोर्ट में बताया कि आरोपी नवनीत ने कंपनी में 12 महीने में राशि दोगुना होने का झूठा दावा किया और कंपनी में पैसा सुरक्षित रखने की गारंटी दी। बहकावे में आकर लाखों रुपए जमा कराए लेकिन शर्त के अनुसार कोई रिटर्न नहीं दिया गया। कुछ महीने बाद जब प्रार्थियों ने पैसे वापस देने का दबाव बनाया तो आरोपी ने साफ इंकार करते हुए अपना फोन बंद कर लिया। इधर, मामले की जांच एसआई अर्जुनलाल को सौंपी है। वे आरोपी की तलाश में जुटे हैं।
पुलिस ने नहीं सुनी तो कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुई FIR
पीड़ित ने गोवर्धन विलास थाने में शिकायत दी थी लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद एसपी डॉ. अमृता दुहन को परिवाद देकर मामले में कार्रवाई की मांंग उठाई थी लेकिन यहां से भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। तब कोर्ट की शरण में जाना पड़ा और इस्तगासे के जरिए थाने में एफआई दर्ज की गई है।
एफआईआर के अनुसार-आरोपी नवनीत पाल ने एक साल पहले प्रार्थी सुमित जैन को फोन कर कहा था कि उसने स्काई ओरा टेक्नो सोल्यूशन नाम की ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट कंपनी बनाई है, जिसमें कई लोग निवेश कर रहे हैं और एक साल में राशि का दोगुना रिटर्न मिल रहा है।
शुरू के 2 महीने आपकी राशि कंपनी में जमा रहेगी। फिर तीसरे महीने से 20 प्रतिशत रिटर्न मिलेगा, जो 12वें महीने तक लगातार मिलेगा। जैसे-जैसे कम्युनिटी आएगी तो आपका धन धीरे-धीरे पांच गुना तक हो जाएगा।
प्रार्थी ने जब पैसे लगाने को मना किया तो आरोपी बोला कि आप अपना धन मुझ पर विश्वास करके लगा दो। इसकी जिम्मेदारी व्यक्तिगत तौर पर मेरी रहेगी। ऐसे में प्रार्थी ने कुल 5 लाख 24 हजार रुपए जमा कराए। 28 जनवरी 2026 को 1 लाख 24 हजार 300 रुपए जमा कराए।
फिर 17 मार्च 2026 व 22 मार्च 2026 को 2-2 लाख रुपए ट्रांसफर किए। आरोपी अक्सर उदयपुर आता था और गोवर्धन विलास स्थित होटल व्हाईट फ्रेस्को में ठहरता था और यहीं प्रार्थी से मिलता था।
इसके अलावा प्रार्थी दीपेश जैन ने भी कुल 2.49 लाख रुपए आरोपी को दिए। मार्च 2026 में 2 लाख और 25 जून 2026 को 49 हजार रुपए जमा कराए। इसी तरह दिनेश पटेल और केतन राउत ने भी आरोपी को मार्च 2026 में 2-2 लाख रुपए जमा कराए।
